Azan Kya Hai? अज़ान की शुरुआत कब, और कैसे हुई
अज़ान – एक आवाज़, जो कानों से गुज़र कर दिल तक उतर जाती है अज़ान (Azan) हम रोज़ सुनते हैं, लेकिन अक्सर उसे एक आदत की तरह सुन कर आगे बढ़ जाते हैं। और बहुत कम लोग ऐसे हैं, जो … Read more
अज़ान – एक आवाज़, जो कानों से गुज़र कर दिल तक उतर जाती है अज़ान (Azan) हम रोज़ सुनते हैं, लेकिन अक्सर उसे एक आदत की तरह सुन कर आगे बढ़ जाते हैं। और बहुत कम लोग ऐसे हैं, जो … Read more
क़ुरबान जाइए हमारे प्यारे नबी हज़रत मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम पर, जिनकी बातें और काम (जिनको हदीस कहा जाता है) हमारे लिए अनमोल ख़ज़ाना हैं, और ये हदीसें सिर्फ़ ये नहीं बताती कि इबादत कैसे करना है बल्कि ये भी … Read more
Dua e Noor (दुआए नूर) एक ऐसी मुबारक और रूहानी दुआ है, जिसमें अल्लाह तआला की सिफ़ात (ख़ूबियों) का ज़िक्र है, और उसकी की हम्द व सना (तारीफ़) बड़े ख़ूबसूरत अन्दाज़ में की गयी है। इसमें अल्लाह के अस्मा-उल-हुस्ना और … Read more
शाम का वक़्त वह घड़ी है जब दिनभर की मेहनत और थकान के बाद इंसान को रूहानी सुकून की तलाश होती है। तो ऐसे वक़्त में शाम की मसनून दुआएँ पढ़ना दिल को चैन और इत्मिनान बख़्शता है। क्यूंकि ये … Read more
रात की लम्बी बेख़बर नींद से जागने के बाद जब एक नया दिन शुरू होता है, तो यह जागना असल में अल्लाह तआला की एक नई नेमत और नई ज़िंदगी होती है। और हदीस में भी मौजूद है कि सुबह … Read more
दुआए गन्जुल अर्श (Dua E Ganjul Arsh) ऐसी दुआ है जिसमें अल्लाह तआला के किसी नेक बन्दे ने हर जुमले में अल्लाह की ज़ात और सिफ़ात की तारीफ़ को बड़े ख़ूबसूरत अन्दाज़ में की है, इसको पढ़ने में एक अजीब … Read more
जब हम कोई काम करना शुरू करते हैं चाहे वो रोज़मर्रा के काम हों या कभी कभी करने वाले काम हों, तो शैतान उस में दखलन्दाज़ी कर सकता है और रुकावट डाल सकता है, ज़रूरी नहीं कि वो शैतान जिन्नात … Read more